Sunday, March 7, 2021

From the Eyes of Dr Ajay Kumar Ojha : Nature Dawn Painting on 08 March 2021

                                      From the Eyes of Dr Ajay Kumar Ojha : 

        Nature Dawn Painting on 08 March 2021
            
              (The whole article along with all the images  are subject to IPR)




सुभाषितानि 



संस्कृत भाषा विश्व की प्राचीनतम भाषा है एवं विश्व की सभी भाषाओं में  वैज्ञानिक भी। भारतीय संस्कृति में संस्कृत भाषा का अत्यन्त महत्त्व है। संस्कृत भाषा को देव भाषा भी कहते हैं। हमारे ऋषि-मनीषियों ने अपनी  व्यक्तिगत साधना, अनुभव तथा ज्ञान के आधार पर अनेकानेक श्लोकों की रचना की हैं जो समस्त मानव के लिए ज्ञानदायी हैं  प्रेरणादायी हैं  प्रोत्साहनदायी हैं कल्याणकारी है।



"अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर"
         मातृशक्ति को नमन  



"मातृशक्ति को कोटि कोटि प्रणाम " 
पूज्य देवीतुल्य 90 वर्षीय माँ राधिका देवी एवं देवीलक्ष्मी तुल्य अर्द्धांगिनी रत्ना पाण्डेय 
के साथ डॉ अजय कुमार ओझा 







" यत्र  नार्यस्तु  पूज्यन्ते    रमन्ते  तत्र  देवताः। 
  यत्रैतास्तु न पूज्यन्ते सर्वास्तत्राफला: क्रियाः।" 






Image (C) Dr Ajay Kumar Ojha 


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